सा विद्या या विमुक्तये
– Arvind Kumar If you dive deeper in the meaning of the word, ‘student’ means in Latin – ‘eager to know’. But today, student has…
– दिलीप बेतकेकर पूरी दुनिया प्रदूषण से ग्रस्त है। प्रदूषण को रोकने के लिए विभिन्न प्रयास चल रहे हैं। विश्वस्तर से लेकर छोटे-छोटे शहरों में…
– डॉ. विकास दवे मालवी बोली में एक प्रसिद्ध कहावत है जिसका भाव है- “जो व्यक्ति अपनी माँ को माँ नहीं कह सकता वह…
– शिव कुमार शर्मा ‘शरीरमाद्य खलु धर्मसाधनम्’ हमारी परम्परा में एक महत्वपूर्ण उक्ति है। धर्म, अर्थ, काम व मोक्ष रूपी पुरुषार्थ की प्राप्ति का साधन…
– Dr KK Aggarwal The Bhagavad Gita (7.16) has described four types of devotees. “catur-vidhabhajante mam janahsukrtino ‘rjuna artojijnasurartharthi jnani ca bharatarsabha” चतुर्विधाभजन्तेमांजना: सुकृतिनोऽर्जुन ।…
– देशराज शर्मा जन्म लेने के बाद मानव जो प्रथम भाषा सीखता है उसे उसकी मातृभाषा कहते है। मातृभाषा, किसी भी व्यक्ति की सामाजिक एवं…
– अवनीश भटनागर प्रख्यात रूसी साहित्यकार लियो टॉल्सटॉय (1828-1910) ने लिखा है, “शिक्षाशास्त्र बहुत कुछ आधुनिक चिकित्साशास्त्र जैसा है, जो हमें बताता है कि प्रकृति…
– अवनीश भटनागर क्षमता अर्थात् किसी-किसी में जन्मजात होती है कोई-कोई विकसित करने का प्रयास करता है। उनमें भी कोई-कोई सफल होता है। किसी अन्य…
प्रश्न – शिक्षा में भारतीय मूल्य। शिक्षा में परम्परा और आधुनिकता का समन्वय वेद, रामायण, महाभारत आदि का शिक्षा में समावेश, सहशिक्षा आदि विषयों…
– वासुदेव प्रजापति आज शिक्षक से राष्ट्र निर्माता बनने की अपेक्षा करना भले ही आतिश्योक्त्तिपूर्ण लगता होगा, किन्तु वास्तविकता यही है कि भारत राष्ट्र को…