सा विद्या या विमुक्तये
✍ गोपाल माहेश्वरी शेष रहती है लड़ाई वीर की अंतिम क्षणों तक। देशभक्ति है बसी होती सदा जिनके मनों तक।। “तो क्या नेताजी के न…
✍ गोपाल माहेश्वरी धरा से मान पृथक अपना अस्तित्व बुदबुदे बहते हैं। अलगाव भाव को भ्रम से वे अपनी आजादी कहते हैं।। यज्ञ कुण्ड में…
✍ गोपाल माहेश्वरी गुरु की सच्ची पूजा उनके आदर्शों पर चल दिखलाना। अवसर हो यदि बलिदानों का हँस कर जीवन पुष्प चढ़ाना।। बचपन ही तो…
✍ गोपाल माहेश्वरी होता नहीं शस्त्र कोई भी जो साहस पर भारी हो। उम्र कहाँ बाध बनती है जब मन की तैयारी हो।। भक्ति भगवान…
✍ गोपाल माहेश्वरी जिस दिन शंकर का त्रिशूल भी चूक जाए संधानों से। उस दिन रुकने की आशा करना भारत संतानों से।। गीता कहती है…
✍ गोपाल माहेश्वरी मातृ भू की पीर की करना पढ़ाई जानते थे। रक्त से जय मातृ भू की वे लिखाई जानते थे।। खाली समय में…
✍ गोपाल माहेश्वरी वीरों की गाथाएँ सुनकर वीरोचित मानस बनता है। मातृभूमि पर बलि होने का बच्चों में साहस ठनता है।। कहानियाँ तो प्रायः सभी…
✍ गोपाल माहेश्वरी होती जिनके खेलों में भी राष्ट्र भक्ति की प्रबल भावना वे बच्चे इतिहास बनाते चुनें चुनौती करें सामना। खेल तो बचपन का…
✍ गोपाल माहेश्वरी छोटा सा पर हीरा हो तो तेज आँच भी सह जाता है, बहुत बड़ा मिट्टी का ढेला पानी से गल बह जाता…
✍ गोपाल माहेश्वरी चढ़ता यौवन खिलता बचपन केसरिया कैशौर्य समर्पण। जीवन पाया जिस माटी में उस माटी पर जीवन अर्पण।। विवाह रचाना बड़ों का काम…