ज्ञान की बात 47 (शिक्षा समाजनिष्ठ होती है)

 – वासुदेव प्रजापति शिक्षा के प्रयोजनों के अन्तर्गत हमने उसके सांस्कृतिक प्रयोजन एवं राष्ट्रीय प्रयोजन को जाना। आज हम शिक्षा के सामाजिक प्रयोजन को जानेंगे।…

सावधान, इस युगल से!

 – दिलीप वसंत बेतकेकर कुछ समय पूर्व की ही घटना है… समाचारपत्र में छपी थी… एक युगल के सम्बन्ध में…! वह युगल लोगों को लुभावने,…

भारतीय भाषाओं (तमिल और तेलुगु) का स्वतंत्रता संग्राम में योगदान – 1

 – डॉ. कुलदीप मेहंदीरत्ता भारत विविधताओं से भरा एक विशाल राष्ट्र है जहाँ भले ही भौगोलिक अथवा प्रयोज्य क्षेत्र के आधार पर शाब्दिक तथा भाषिक…

स्वतन्त्रता, समानता और बन्धुता के पुरोधा डॉक्टर भीमराव आंबेडकर

– निखिलेश महेश्वरी भारतीय सनातन संस्कृति अनादि, अनंत और चिर पुरातन है। अपनी सनातन संकृति ने अनेक उतार चढाव, संघर्ष के साथ अपने को सुरक्षित…

पाती बिटिया के नाम-38 (प्रधानमंत्रीजी! जरा पहले आईए फिर मेरी गऊएँ आराम करेंगी…)

–  डॉ विकास दवे प्रिय बिटिया! दीपोत्सव के पाँच दिवसीय हर्षोल्लास का एक दिन समर्पित होता है गौमता को। तुम एकदम सही समझी, मैं बात…

CHANGES IN GOVERNANCE OF SCHOOL EDUCATION FOR BETTER ACCOUNTABILITY AND NEP 2020

 – D. Ramkrishana Rao NEP-2020 is paving the way for a shift in the way we educate which is quite path-breaking and in an alignment…

कैसे अंग्रेजों ने भारतीय वस्त्र उद्योग को तार-तार किया – आओ जाने-2

 – प्रशांत पोळ अंग्रेजों ने तय करके भारतीय वस्त्र उद्योग को नष्ट किया। वे इस उद्योग की महत्ता और इसके कारण भारत के वैश्विक महत्व…

कैसे अंग्रेजों ने भारतीय वस्त्र उद्योग को तार-तार किया – आओ जाने-1

 – प्रशांत पोळ हजार-दो हजार वर्ष पहले, जब भारत विश्व व्यापार में सिरमौर था, तब उस व्यापार का एक बड़ा हिस्सा था – कपड़ा उद्योग।…

भारतीय परम्परागत रसोई – घर का वैद्य

 – रवि कुमार एक व्यक्ति स्कूटर पर जा रहा था। एक गाँव में भैस से टक्कर होने पर दुर्घटना हुई और उस व्यक्ति को काफी…

भारतीय शिक्षा – ज्ञान की बात 46 (शिक्षा राष्ट्रीय होती है)

 – वासुदेव प्रजापति भारत में शिक्षा का विचार समग्रता में किया गया है। शिक्षा सदैव बालक को दी जाती है। किन्तु वह केवल बालक के…