गुरु आश्रम की ओर

✍ गोपाल माहेश्वरी प्रातःकाल पाँच बजने को थे कि घर में खटर-पटर की आवाजों से गौरव की नींद टूट गई। उसे पता था दादा जी-…

भारतीय शिक्षा – ज्ञान की बात 84 (व्यक्तिकेन्द्री व्यवस्था के दुष्परिणाम)

 ✍ वासुदेव प्रजापति भारतीय शिक्षा का पश्चिमीकरण जिन सिद्धांतों के आधार पर किया गया, उनमें “व्यक्तिकेन्द्री जीवन रचना” प्रमुख सिद्धांत है। व्यक्तिकेन्द्री जीवन रचना से…

नमस्ते वन देवता

✍ गोपाल माहेश्वरी प्राकृत अपनी सायकिल लेकर प्रातः से ही निकल पड़ा था। शीतलमंद पवन के झकोरे उसके तन मन में स्फूर्ति और आनंद का …

भारतीय शिक्षा – ज्ञान की बात 83 (बुद्धि विभ्रम के कारण व परिणाम)

 ✍ वासुदेव प्रजापति अब तक हमने अंग्रेजी शिक्षा का हमारे मन और बुद्धि पर क्या परिणाम हुआ उसे जाना, अब हम ये जानेंगे कि उन्होंने…

श्रद्धावान लभते ज्ञानम्

✍ दिलीप वसंत बेतकेकर क्या सदैव ‘नारायण नारायण’ जपते रहते हो, इस खंभे में है तेरा नारायण? गुस्से से लाल, तमतमाते चेहरे से हिरण्यकश्यप ने…

भारतीय शिक्षा – ज्ञान की बात 82 (अंग्रेजी शिक्षा की देन – बुद्धिविभ्रम)

 ✍ वासुदेव प्रजापति देश को स्वतंत्र हुए 75 वर्ष बीत गए और हम अमृतकाल मना रहे हैं। इस अमृतकाल में कुछ ऐसे लोग भी मिल…

भारतीय शिक्षा – ज्ञान की बात 81 (शिक्षा की तंत्रगत समस्याएँ)

 ✍ वासुदेव प्रजापति आज की आधुनिक शिक्षा में शिक्षक गौण होता जा रहा है और तंत्र प्रमुख बनता जा रहा है। हमारे यहाँ तो कहा…

विद्यार्थी गुण पंचकम

✍ दिलीप वसंत बेतकेकर मैं विद्यार्थी हूँ तो कैसा हूँ? विद्यार्थी के गुण, मुख्य लक्षण मुझ में विद्यमान है क्या? ऐसे प्रश्न कभी मुझे सामने…

भारतीय शिक्षा – ज्ञान की बात 80 (भारतीय शिक्षा में जीवन मूल्यों का ह्रास)

 ✍ वासुदेव प्रजापति सर्वप्रथम यह बात समझने योग्य है कि शिक्षा में मूल्य शब्द का प्रयोग भारतीय नहीं है। यह अंग्रेजी के ‘वेल्यु’ शब्द का…

चर्चा-संवाद का स्वास्थ्य पर प्रभाव

✍ रवि कुमार एक व्यक्ति नौकरी से आकर अपने कक्ष में कम्प्यूटर के सामने बैठकर अपने ऑनलाइन चैटरूम में व्यस्त रहता था। एक दिन उसका…