सा विद्या या विमुक्तये
– नम्रता दत्त शिशु का आहार एवं विहार विद्यालय में बच्चों की शारीरिक जांच कराई गई। डॉक्टर्स कक्षाशः अपनी रिपोर्ट देकर चले गए। बच्चों की…
– नम्रता दत्त शिशु के खिलौने एवं वस्त्र 22 जून को आर्यांश एक वर्ष का हो गया था। उसके जन्मदिन के अवसर पर परिवार में…
– नम्रता दत्त नवजात शिशु के रोग एवं घरेलू उपचार गर्भावस्था में शिशु केवल माता की शारीरिक एवं मानसिक स्थिति (आहार-विहार) से प्रभावित होता है।…
– वासुदेव प्रजापति अब तक हमने अंगांगी भाव को विभिन्न आयामों में समझा है। आज हम अंग और अंगी के सम्बन्ध में आवश्यक अनिवार्यताओं को…
– नम्रता दत्त शिशु के विकास में सहायक सही आदतें जन्म से एक वर्ष का शिशु पूर्णतः परावलम्बी अर्थात् दूसरों पर आश्रित होता है। अन्य…
शिशु की मानसिक आवश्यकतायें एवं स्वाभाविक विकास में परिवार की भूमिका – नम्रता दत्त अभी तक हम नव दम्पति के शिक्षण पर विचार कर रहे…
– नम्रता दत्त श्रेष्ठ माता पिता कौन हैं? – इस प्रश्न के उत्तर के लिए हमें सबसे पहले यह जानना चाहिए कि संतान (बच्चा) किसकी…
– नम्रता दत्त आध्यात्मिकता की अथाह गहराई को मापने वाले आचार्य रजनीश (ओशो) की विद्वता को देख किसी विद्वान व्यक्ति ने पूछा कि प्रत्येक जीवात्मा…
– नम्रता दत्त जगद्गुरु शंकराचार्य जी ने शिक्षा के संदर्भ में कहा – ‘सा विद्या या विमुक्तये’। ‘शिक्ष’ धातु से उत्पन्न शिक्षा का अर्थ है…