मानव स्वास्थ्य पर अग्नि का प्रभाव

– रवि कुमार मित्रों अथवा परिचितों के यहाँ विवाह या शुभ कार्यक्रम का निमंत्रण मिलने पर सामान्यतः सम्मिलित होना होता है। आजकल यह कार्यक्रम अधिकतर…

अभ्यास क्यों करें

 – दिलीप वसंत बेतकेकर हम खाते-पीते हैं, किस लिए? मौजमस्ती करते हैं, किस लिए? नहाना, सोना, किस लिए? खेल आदि किस कारण? क्यों? क्यों?……… ऐसे…

भारतीय शिक्षा – ज्ञान की बात 67 (शिक्षित समाज)

 – वासुदेव प्रजापति जिस समाज में जितने अधिक शिक्षित व्यक्ति होते हैं, वह समाज उतना ही अधिक विकसित होता है। एक शिक्षित व्यक्ति अपनी भाषा…

भारतीय शिक्षा – ज्ञान की बात 66 (शिक्षित व्यक्ति)

 – वासुदेव प्रजापति हमारे समाज में शिक्षित व्यक्ति का महत्त्व सदैव रहा है। यदि कोई व्यक्ति अशिक्षित है, तो समाज में उसे कभी मान-सम्मान प्राप्त…

स्वास्थ्य पर वायु का प्रभाव

– रवि कुमार दो व्यक्ति अलग-अलग कक्ष में सोए हुए हैं। एक कक्ष में खिड़की दरवाजे बंद है, ए.सी. चल रहा है। दूसरे कक्ष में…

भारतेंदु हरीशचन्द्र का साहित्य दर्शन

 – डॉ. कुलदीप मेहंदीरत्ता भारतवर्ष के इतिहास में उन्नीसवीं सदी का महत्त्वपूर्ण स्थान है। 1600 ईस्वी के बाद धीरे-धीरे भारत को कब्जाते जा रहे अंग्रेजों…

भारतीय शिक्षा – ज्ञान की बात 65 (शास्त्र की शिक्षा)

 –  वासुदेव प्रजापति जीवन में जितनी महत्त्वपूर्ण मन की शिक्षा और कर्म की शिक्षा है, उतनी ही महत्त्वपूर्ण शास्त्र की शिक्षा भी है। जहाँ मन…

स्वास्थ्य पर प्रकाश का प्रभाव

 – रवि कुमार एक पौधे को प्रकाश न मिले तो उसकी क्या स्थिति होती है? एक विद्यालय में कार्यक्रम के दौरान भेंट स्वरुप सुंदर गमले…

भारतीय शिक्षा – ज्ञान की बात 64 (कर्म की शिक्षा)

 – वासुदेव प्रजापति जहाँ मन की शिक्षा व्यक्ति को सज्जन बनाती है, वहीं कर्म की शिक्षा व्यक्ति को कर्मशील बनाती है। व्यक्ति सज्जन है परन्तु…

विभाजनकालीन भारत के साक्षी

 – वासुदेव प्रजापति यह  परिचय है “विभाजनकालीन भारत के साक्षी” पुस्तक का। भारत विभाजन के विषय पर वैसे तो अनेक पुस्तकें लिखी गईं हैं, किन्तु…