छोटे-छोटे श्रवण कुमार

✍ गोपाल माहेश्वरी रागिनी और रोहित के माता-पिता दोनों कर्मचारी हैं दोनों बच्चे विद्यालय जाने के समय के अतिरिक्त अपनी बूढ़ी दादी मां के पास…

भारतीय शिक्षा – ज्ञान की बात 109 (भारतीय शिक्षा की पुनर्प्रतिष्ठा परिवार में करणीय प्रयास-3)

 ✍ वासुदेव प्रजापति परिवार में छोटे-बड़े अनेक सदस्य होते हैं। उन सबके स्वभाव, रुचि-अरुचि, गुण-दोष, क्षमताएँ आदि भिन्न-भिन्न होते हैं। कभी-कभी एक दूसरे की विरोधी…

भारतीय शिक्षा – ज्ञान की बात 108 (भारतीय शिक्षा की पुनर्प्रतिष्ठा परिवार में करणीय प्रयास-2)

 ✍ वासुदेव प्रजापति भारत में परिवार, शिक्षा का एक महत्त्वपूर्ण केन्द्र है। यह संस्कृति की शिक्षा है। हमारे यहाँ शास्त्र शिक्षा को छोड़कर सब प्रकार…

अध्ययन के शत्रु – 1

✍ दिलीप बेतकेकर एक चार बच्चे के माँ-पिताजी मिलने आए। चेहरे पर चिंता थी। कुर्सी पर बैठते ही पिताजी बोले – ‘हमारा अभिमन्यु अध्ययन के…

आजादी का उत्सव मनाने का अपराध

✍ गोपाल माहेश्वरी धरा से मान पृथक अपना अस्तित्व बुदबुदे बहते हैं। अलगाव भाव को भ्रम से वे अपनी आजादी कहते हैं।। यज्ञ कुण्ड में…

आषाढ़ का वह दिन

✍ गोपाल माहेश्वरी आषाढ़ मास आरंभ हो चुका था। गरमियों का सूनेपन से ऊब चुका आकाश इस माह कभी भी चित्र-विचित्र छोटे-बड़े बादलों से भर…

भारतीय शिक्षा – ज्ञान की बात 107 (भारतीय शिक्षा की पुनर्प्रतिष्ठा-परिवार में करणीय प्रयास-1)

 ✍ वासुदेव प्रजापति भारत में समाजव्यवस्था की मूल इकाई व्यक्ति नहीं, परिवार है। परिवार एकात्म संकल्पना का सामाजिक रूप है। व्यक्ति परिवार का अंग बनकर…

अध्ययन – मित्र

✍ दिलीप बेतकेकर अब देखते हैं कि अध्ययन के मित्र कौन हैं, साथी कौन हैं! पुस्तकें हमारी प्रथम मित्र हैं! कुछ पुस्तकें उस शालेय सत्र…

साक्षात काली : कालीबाई

✍ गोपाल माहेश्वरी गुरु की सच्ची पूजा उनके आदर्शों पर चल दिखलाना। अवसर हो यदि बलिदानों का हँस कर जीवन पुष्प चढ़ाना।। बचपन ही तो…

भारतीय शिक्षा – ज्ञान की बात 106 (भारतीय शिक्षा की पुनर्प्रतिष्ठा – व्यक्तिगत जीवन में करणीय प्रयास-2)

 ✍ वासुदेव प्रजापति भारतीय शिक्षा की पुनर्प्रतिष्ठा करने हेतु स्वदेशी दृष्टिकोण होना आवश्यक है। हमारे व्यक्तिगत जीवन में उपयोगी सभी वस्तुएँ स्वदेशी होनी चाहिए, परन्तु…