भारतीय शिक्षा – ज्ञान की बात-34 (परिवारगत विकास)

 – वासुदेव प्रजापति व्यक्ति अकेला नहीं रह सकता। उसका जीवन जिन पर निर्भर है, उन सबके साथ वह तालमेल बिठाकर रहता है। व्यक्ति का जीवन…

वह अमर छलांग – स्वातंत्र्यवीर विनायक दामोदर सावरकर

 – गोपाल महेश्वरी पानी पर लिखी हुई बातें लिखते- लिखते बह जाती हैं। नहीं शेष उनकी किंचित स्मृतियाँ भी रह जाती हैं। पर एक सदी…

प्रखर राष्ट्रवादी एवं स्वतंत्रता सेनानी थे सावरकर

– ललित गर्ग नया भारत बनाने, भारत को नये सन्दर्भों के साथ संगठित करने, राष्ट्रीय एकता को बल देने की चर्चाओं के बीच भारतीय स्वतंत्रता…

महात्मा बुद्ध का शिक्षा दर्शन

 – डॉ कुलदीप मेहंदीरत्ता भारत देश में समय-समय पर संत, ऋषि-मुनि तथा अनेक महापुरुषों ने अवतार लिया है। प्राचीन काल से ही संसार ने भारत…

कोरोना महामारी के कारण भारतीय जीवन शैली की चर्चा

 – रवि कुमार कोरोना महामारी से फैले संकट से देश व विश्व उभरने का प्रयास सतत कर रहा है। एक वर्ष से अधिक हो गया…

पाती बिटिया के नाम-26 (ये कहाँ आ गए हम?)

 – डॉ विकास दवे प्रिय बिटिया! विज्ञान का नाम लेते ही हम एक काल्पनिक दुनिया में खोने लगते हैं। तेज रफ्तार से भागती जिन्दगी में…

Life of SRIMAD BHAGVAD RAMANUJACHARYA

  -K. PONRAMAN The spiritual light, the supreme being who created the universe and sustains it, manifests itself whenever there is a need. Such a…

रामानुजाचार्य और उनका विशिष्टाद्वैत वेदान्त

 – डॉ गिरिधर गोपाल शर्मा भारतीय मनीषा का चरमोत्कर्ष ‘वेदान्त-दर्शन’ में प्राप्त होता है। ‘वेदान्त’ शब्द का अर्थ है- “उपनिषद्”। इन उपनिषदों में वेद के…

ஸ்ரீமத் பகவத் இராமானுஜாச்சார்யா

– கி. பபான்ராமன் பிரபஞ்சத்தில் அவ்வப்பபாது ஆன்மீக பஜாதி ஸ்வரூபங்கள் பவளிக்கிளம்பும். இப்பபருலகில் தர்மம் நிலலநிறுத்தப்பட அவதார புருஷர்கலள பரம்பபாருள் அவ்வப்பபாது அனுப்பி லவக்கிறது. அப்படி ஒரு நிகழ்வு பபாது ஆண்டு 1017 பிங்கள…

भारतीय शिक्षा – ज्ञान की बात-33 (व्यक्तिगत विकास की शिक्षा)

 – वासुदेव प्रजापति अब तक हमने समग्र विकास प्रतिमान के प्रथम भाग में पंचकोशात्मक विकास को समझा है। आज से हम दूसरा भाग परमेष्ठीगत विकास…