शिक्षा का वर्तमान स्वरूप : भौतिक व व्यक्ति केन्द्रित

शिक्षा की प्रक्रिया के माध्यम से ही मानव शिशु का शारीरिक, मानसिक, बौद्धिक, नैतिक एवं आध्यात्मिक विकास होकर वह समाज में उपयुक्त स्थान ग्रहण करता…